Breaking News
BigRoz Big Roz
Home / Breaking News / सैंकड़ों वर्षों में घटने वाली दुर्लभ घटना, धरती के सबसे निकटतम होगा विशाल एस्टेरोइड इतने बजे देख सकेंगे आप

सैंकड़ों वर्षों में घटने वाली दुर्लभ घटना, धरती के सबसे निकटतम होगा विशाल एस्टेरोइड इतने बजे देख सकेंगे आप

.

.

.

कुछ खगोलीय घटनाएं ऐसी होती हैं जो बेहद ही दुर्लभ और ऐतिहासिक होती हैं। आज एक ऐसी ही आकाशीय घटना घटने जा रही है जो न जाने कितने साल बाद देखने को मिलेगी। बता दें कि अभी तक ऐसा कोई प्रमाण नहीं है कि कोई एस्टेरॉयड धरती के इतना नज़दीक आया हो।

.

.

.

.

अंतरिक्ष में गुरुवार (आज) की रात ऐसी अनोखी घटनाएं एक साथ घटित होने जा रही हैं जिनका संयोग सैकड़ों वर्षों में भी नहीं बन पाता है। एक ही रात में खतरनाक श्रेणी का एक बहुत विशाल एस्टेरोइड पृथ्वी की कक्षा में चांद से भी कम दूरी पर आ धमकेगा।

सितंबर में आम प्रचलन से हटकर अपने चरम पर उल्कापात होगा और नव अर्द्धचंद्र के सबसे ज्यादा पास पहुंचकर शुक्र ग्रह अपनी सर्वाधिक चमक भी बिखेरेगा। इन तीनों घटनाओं का एक साथ घटित होना आज की रात को दुर्लभ ही नहीं बल्कि दुर्लभतम बना देगा। ऐसी अनोखी रात फिर न जाने आए न आए। 

.

.

सबसे पहले चर्चा एस्टेरोइड की। एस्टेरोइड यदा कदा पृथ्वी के निकट आते रहते हैं लेकिन ये निकटता भी आमतौर पर पृथ्वी और चांद के बीच की दूरी से दस गुनी तक या इससे ज्यादा ही होती है। कभी सुना है कि कोई एस्टेरोइड चंद्रमा जितनी दूरी तक भी आया हो? लेकिन आज की रात 2010 आरजे 53 नाम का कुतुबमीनार से दस गुना बड़ा 774 मीटर आकार का बहुत विशाल क्षुद्रग्रह 68400 किमी प्रति घंटे की विलक्षण गति से सफर करता हुआ पृथ्वी से मात्र 3 लाख 66 हजार किमी की दूरी पर अर्थात 3 लाख 84 हजार किमी दूर स्थित चंद्रमा से भी कम दूरी तक पृथ्वी के निकट आ जाएगा।

जहां खगोलीय दूरियां चंद्र इकाई, सौर इकाई या प्रकाश वर्ष जैसी बहुत बड़ी इकाइयों में मापी जाती हैं वहां यह दूरी इतनी कम है कि एक तरह से यह एस्टेरोइड धरती को बस चूम कर निकल जाएगा। इसकी बेहद तेज गति, विशाल आकार और पृथ्वी से अत्यधिक निकटता के चलते अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा ने इसे खतरनाक की श्रेणी में रखा है। 

.

.

.

.

.

सितंबर के महीने में आमतौर पर उल्कापात नहीं होता लेकिन इस वर्ष इन दिनों परसीड उल्कापात हो रहा है, जो कि परसियस तारा समूह की दिशा से आता है। गुरुवार की रात यह अपने चरम पर पहुंचकर बहुत ही आकर्षक नजारे प्रस्तुत करेगा क्योंकि सोमवार को अमावस्या के बाद इस रात चंद्रमा की रोशनी बहुत कम होगी।

9 सितंबर को ही चंद्रमा और शुक्र कोणीय रूप से सर्वाधिक नजदीक होंगे। शुक्र के क्रेसेंट मून (नव अर्द्धचंद्र)  के बेहद  निकट आ जाने से जहां बहुत खूबसूरत नजारा दिखेगा। वहीं शुक्र ग्रह इस रात सर्वाधिक चमकीला भी नजर आएगा क्योंकि जहां पूर्ण चंद्र शुक्र ग्रह से 1500 गुना ज्यादा चमकीला होता है वहीं इस रात चांद शुक्र से केवल दस गुना चमकीला होगा और और शुक्र ग्रह खुलकर अपनी चमक बिखेरेगा। 

आर्य भट्ट शोध एवं प्रेक्षण विज्ञान संस्थान (एरीज) के वैज्ञानिक डॉ. शशि भूषण पांडे के अनुसार इस रात वैसे शुक्र ग्रह चांद के मुकाबले पृथ्वी से 400 गुना ज्यादा दूरी पर होगा लेकिन कोणीय रूप से चांद के बहुत निकट आ जाएगा।


Discover more from Khabar 24 Express Indias Leading News Network, Khabar 24 Express Live TV shows, Latest News, Breaking News in Hindi, Daily News, News Headlines

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Check Also

ताप्ती पब्लिक सीबीएसई स्कूलच्या विद्यार्थिनी अनन्या जैनचा राष्ट्रीय कराटे स्पर्धेत दुहेरी विजय

ताप्ती पब्लिक सीबीएसई स्कूलच्या विद्यार्थिनी अनन्या जैनचा राष्ट्रीय कराटे स्पर्धेत दुहेरी विजय

Leave a Reply

Discover more from Khabar 24 Express Indias Leading News Network, Khabar 24 Express Live TV shows, Latest News, Breaking News in Hindi, Daily News, News Headlines

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading