
Exclusive Report Manish Kumar Ankur | Bhagalpur : बिहार के भागलपुर में गौतम अडानी को 1050 एकड़ जमीन 1 रुपए सालाना पर देने का मामला तूल पकड़ रहा है। 10 लाख पेड़ों की कटाई से पर्यावरण को नुकसान, ग्रामीणों की ज़मीन हड़पने के आरोप और पीएम मोदी की ‘एक पेड़, मां के नाम’ मुहिम पर सवाल खड़े। क्या यह भाजपा की चुनावी हार का बड़ा कारण बनेगा?
बिहार के भागलपुर में उस समय हड़कंप मच गया जब सरकार ने गौतम अडानी को 1050 एकड़ जमीन 1 रुपए सालाना पर लीज पर सौंप दी। इस जमीन पर बड़े स्तर पर पावर प्लांट लगाने की योजना है, लेकिन इसकी कीमत चुकानी होगी पर्यावरण और आम जनता को। इस परियोजना के लिए 10 लाख से ज्यादा पेड़ काटे जाएंगे, जिससे इलाके में पर्यावरण संकट और जनआक्रोश फैल गया है।

PM मोदी पर उठ रहे सवाल:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बार-बार “एक पेड़, मां के नाम” का अभियान चलाते हैं, लेकिन भागलपुर में 10 लाख पेड़ों की बलि किसकी माँ के नाम चढ़ाई जा रही है? क्या यह पर्यावरण प्रेम सिर्फ दिखावा है? क्या अडानी जैसे अरबपतियों को फायदा पहुँचाने के लिए आम जनता और प्रकृति की कुर्बानी दी जा रही है?
ग्रामीणों की आवाज़:
भागलपुर के पीरपैंती गाँव के लोगों ने आरोप लगाया है कि उनसे ज़बरदस्ती कागज पर पेंसिल से दस्तखत करवाए गए। बाद में उन्हीं दस्तखतों से जमीन की कीमत तय कर दी गई। जब उन्होंने विरोध किया तो पुलिस ने उन्हें ही थाने में बिठा लिया। एक वीडियो में कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा यह आरोप लगाते दिख रहे हैं कि ग्रामीणों के साथ धोखा और ज़बरदस्ती की गई।
विपक्ष का हमला:
कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने पीएम मोदी पर तीखा हमला करते हुए कहा:
“जब बिहार में वोट चोरी से काम नहीं चलेगा तो अडानी को सब सौंप दिया जाएगा। 10 लाख पेड़ काटे जा रहे हैं, 1050 एकड़ जमीन 1 रुपये में दी जा रही है। यह ‘एक पेड़, मां के नाम’ का मज़ाक है। बिहार के लोग लूटे जा रहे हैं और उन्हें महंगे दाम पर बिजली बेची जा रही है।”
उन्होंने आगे कहा:
“जमीन उनकी, कोयला उनका, फिर भी बिजली 6.75 रुपये में बेची जा रही है जबकि महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश में यही बिजली 3 से 4 रुपये में मिलती है। यह साफ लूट है।”
चुनावी हार की भूमिका:
विशेषज्ञों का मानना है कि चुनाव से पहले पर्यावरण और किसानों से जुड़ा यह बड़ा मुद्दा भाजपा के खिलाफ जनाक्रोश पैदा कर सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि यह सिर्फ जमीन का मामला नहीं, बल्कि उनकी ज़िंदगी, पर्यावरण और भविष्य से जुड़ा संकट है। आने वाले चुनावों में यह मुद्दा भाजपा के लिए भारी पड़ सकता है, क्योंकि जनता सवाल पूछ रही है –
“क्या पर्यावरण और आम जनता की कुर्बानी सिर्फ अडानी जैसे उद्योगपतियों के लिए है?”
भाजपा की पर्यावरण नीति पर सवाल:
- क्या “एक पेड़, मां के नाम” सिर्फ चुनावी नारा है?
- क्या भाजपा सत्ता में रहते हुए पर्यावरण विरोधी फैसले कर रही है?
- क्या आम जनता की जमीन, जंगल और संसाधन सिर्फ उद्योगपतियों की निजी संपत्ति बनते जा रहे हैं?
- क्या यह मुद्दा बिहार सहित पूरे देश में भाजपा की चुनावी हार का कारण बनेगा?
ब्यूरो रिपोर्ट : मनीष कुमार अंकुर, खबर 24 एक्सप्रेस
Discover more from Khabar 24 Express Indias Leading News Network, Khabar 24 Express Live TV shows, Latest News, Breaking News in Hindi, Daily News, News Headlines
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Khabar 24 Express Indias Leading News Network, Khabar 24 Express Live TV shows, Latest News, Breaking News in Hindi, Daily News, News Headlines Khabar 24 Express Indias Leading News Network, Hindi News – Khabar 24 Express Live TV shows, Latest News, Breaking News in Hindi, Daily News, News Headlines, current affairs, cricket, sports, business and cinema, Latest Hindi News, Breaking News in Hindi, Bollywood Gossip, Bollywood News, Top Hindi News Channel, Khabar 24 Express Live TV, Khabar24, Khabar24 Express
One comment
Pingback: Adani Gets 1050 Acres in Bhagalpur for ₹1 Per Year, Manish Kumar